भोजपुर में दुस्साहस : पुलिस पर तानी थी पिस्टल, गिरफ्तारी के समय फेसबुक लाइव कर चलाई गोली; एनकाउंटर में लगी दो गोलियां

सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि पुलिस से घिरने के बाद भागते हुए आरोपित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर लाइव वीडियो भी बना रहा था। करीब एक किलोमीटर तक पीछा करने के बाद पुलिस की जवाबी फायरिंग में भरत तिवारी के पैर और जांघ में दो गोलियां लगीं, जिसके बाद उसे कस्टडी में ले लिया गया।

भोजपुर में दुस्साहस : पुलिस पर तानी थी पिस्टल, गिरफ्तारी के समय फेसबुक लाइव कर चलाई गोली; एनकाउंटर में लगी दो गोलियां

DESWA DESK : भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में बुधवार की सुबह पुलिस और एक सनकी अपराधी के बीच फिल्मी अंदाज में मुठभेड़ हो गई। चौबीस घंटे पहले थानेदार और पुलिसकर्मियों पर सरेआम पिस्टल तानने वाले आरोपित भरत तिवारी को जब पुलिस ने घेरा, तो उसने आत्मसमर्पण करने के बजाय खाकी पर ही गोलियां बरसाना शुरू कर दिया। 

सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि पुलिस से घिरने के बाद भागते हुए आरोपित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर लाइव वीडियो भी बना रहा था। करीब एक किलोमीटर तक पीछा करने के बाद पुलिस की जवाबी फायरिंग में भरत तिवारी के पैर और जांघ में दो गोलियां लगीं, जिसके बाद उसे कस्टडी में ले लिया गया।

घायल आरोपित भरत तिवारी, सेवानिवृत्त चालक सिपाही काशीनाथ तिवारी का पुत्र है। पुलिस ने उसके पास से वारदात में इस्तेमाल की गई पिस्टल भी बरामद कर ली है। उसे प्राथमिक उपचार के बाद आरा सदर अस्पताल रेफर किया गया है।

पुलिस के मुताबिक, मंगलवार को एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था, जिसने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया था। वीडियो में एक मकान के भीतर शाहपुर थानाध्यक्ष समेत कुछ पुलिसकर्मी बैठे दिख रहे थे और चौकी पर लेटा भरत तिवारी उनपर पिस्टल ताने हुए था। इस दुस्साहस के बाद बुधवार सुबह पुलिस की विशेष टीम बिलौटी गांव में उसकी गिरफ्तारी के लिए घेराबंदी करने पहुंची।

पुलिस को देखते ही भरत तिवारी ने फायरिंग झोंक दी और गांव के दक्षिणी इलाके की ओर भागने लगा। उसने भागते-भागते अपने मोबाइल से फेसबुक लाइव शुरू कर दिया ताकि वह पुलिसिया कार्रवाई को सोशल मीडिया पर दिखा सके। पुलिस ने सूझबूझ दिखाते हुए उसे चारों तरफ से घेरा और आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की। पैर में गोली लगते ही वह सड़क पर गिर पड़ा और पुलिस ने उसे दबोच लिया।

भोजपुर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों और खुद थानाध्यक्ष पर पिस्टल तानने की घटना को बेहद गंभीरता से लिया गया था। वायरल वीडियो में साफ दिख रहा था कि पुलिसकर्मी उसे गाली-गलौज और कड़ी फटकार लगाते हुए काबू करने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन वह टस से मस नहीं हुआ। उस वक्त वह भागने में सफल रहा था, लेकिन 24 घंटे के भीतर ही पुलिस ने उसकी हेकड़ी निकाल दी।

मुठभेड़ में घायल होने के बाद पुलिस ने लहूलुहान हालत में भरत तिवारी को शाहपुर रेफरल अस्पताल पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए आरा सदर अस्पताल रेफर कर दिया। इस पूरी कार्रवाई के दौरान भोजपुर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पल-पल की रिपोर्ट लेते रहे। मामले में पुलिस पर जानलेवा हमला और आर्म्स एक्ट के तहत नई प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।