सीवान में सीएम: शीघ्र खुलेगी चीनी मिल, 25 लाख गरीबों के घर पर दो साल में सोलर पैनल, 2030 तक एक करोड़ नौकरी-रोजगार
सीवान शहर को व्यवस्थित शहर बनाना है। यहां इको टूरिज्म को विकसित किया जाएगा। बिहार में सुशासन स्थापित है। अपराधी किसी जाति या धर्म के हो, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। या तो अपराधी बिहार छोड़ेंगे या उन्हें दुनिया छोड़ना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीवान में चीनी मिल खोला जाएगा, इसके लिए जमीन चिह्नित करने के लिए जिलाधिकारी को कहा गया है।
DESWA DESK ; सीवान में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने वर्ष 2030 तक एक करोड़ युवाओं को नौकरी-रोजगार उपलब्ध कराने का संकल्प दोहराया, और कहा कि 25 लाख गरीब परिवारों के घरों पर अगले दो वर्षों में सोलर पैनल लगा दिए जाएंगे। इसके साथ ही, नौकरी-रोजगार के लिए सीवान में शीघ्र चीनी मिल खोलने की घोषणा की और जिलाधिकारी को जमीन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने सीवान जिले के लिए 180 करोड़ रुपये की 38 योजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया।इससे पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सीवान जिला के पचरुखी प्रखंड के पपौर पंचायत भवन में आयोजित सहयोग शिविर में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने सहयोग शिविर में समस्याओं, शिकायतों के समाधान के लिए आए आमलोगों से संवाद किया और समाधान का निर्देश अधिकारियों को दिया। सहयोग शिविर के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने लोगों से बात की, उनका हालचाल जाना और स्थानीय समस्याओं के बारे में जानकारी ली।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल से सीवान जिला के लिए 180 करोड़ रुपये की 38 योजनाओं का रिमोट के माध्यम से उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री उद्यमी योजना, स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, आयुष्मान कार्ड, अनुग्रह अनुदान सहित विभिन्न योजनाओं के लाभुकों को सांकेतिक चेक एवं प्रमाण पत्र प्रदान किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि आपके जिला के पचरुखी प्रखंड में आयोजित सहयोग सह जनकल्याण शिविर में आपके बीच आने का मौका मिला है। यह डॉ. राजेन्द्र प्रसाद की भूमि है। उन्होंने देश और बिहार को दिशा दी। हम उनके चरणों में श्रद्धासुमन अर्पित करते हैं। इस शिविर में समस्या के समाधान के लिए आए लोगों के आवेदन को मैंने देखा और समाधान का निर्देश दिया है। प्रखण्डों में कल और परसों भी सहयोग शिविर चलेगा।
देश में इस तरह का यह पहला शिविर है, जिसके माध्यम से स्थानीय स्तर पर समस्याओं का समाधान किया जा रहा है। आवेदन के तहत प्रथम शो कॉज नोटिस जो 10 दिन से लंबित मामलों के लिए था उसकी संख्या 8942 थी। दूसरा शो कॉज नोटिस 153 लोगों पर किया गया और तीसरा शो कॉज नोटिस 1 व्यक्ति को किया गया। 30 दिनों के अंदर सभी ने लंबित मामलों को निपटा दिया। इसके लिए प्रशासनिक तंत्र को बधाई देता हूं। बिहार के लोगों की समस्याओं का समाधान पूरी संवेदनशीलता के साथ करना है। बिहार समृद्ध होगा तभी भारत भी विकसित होगा।
उन्होंने कहा कि कल हमने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की शुरुआत की है। 25 लाख गरीब परिवारों के घरों पर अगले दो वर्षों में सोलर बिजली लगाई जाएगी। सभी प्रखंडों में डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे। सभी प्रखंडों में मॉडल स्कूल खोले जाएंगे जिसमें शिक्षा की ऐसी गुणवत्ता होगी कि उसमें सांसद, विधायक, पदाधिकारी के बच्चे पढ़ेंगे, तभी मेरा सपना पूरा होगा। बिहार की ग्रामीण सड़कें पूरे देश में सबसे अच्छी हैं।
उन्होंने कहा कि अनुमंडल अस्पताल और जिला अस्पताल को ठीक करना है। डॉक्टरों को रेफर करने की प्रवृत्ति खत्म करनी होगी। 15 अगस्त के बाद जिला एवं अनुमंडल अस्पताल से इलाज के लिए मरीजों को रेफर करने की व्यवस्था खत्म करनी होगी। बिहार में जबतक उद्योग नहीं लगेगा, तब तक बिहार आगे नहीं बढ़ेगा। बिहार में उद्योग लगानेवालों की सुविधाओं का ख्याल रखा जा रहा है। तय किया गया है कि उद्योग लगाने के लिए आवेदन करनेवालों को अगर 30 दिनों के अंदर अगर लाइसेंस नहीं मिलता है तो 31वें दिन उन्हें स्वतः लाइसेंस मिल जाएगा।
झारखंड और बिहार का बंटवारा होने के बाद बिहार को काफी संघर्ष करना पड़ा लेकिन अब बिहार विकास के रास्ते पर आगे बढ़ चुका है। 2024-25 में जब मैं वित्त मंत्री के रूप में बिहार का बजट पेश कर रहा था उसके एक घंटा के पहले झारखंड राज्य में 1 लाख 39 हजार करोड़ रुपये का बजट पेश किया जबकि बिहार ने 3 लाख 17 हजार करोड़ रुपये का बजट पेश किया। यह बदला हुआ बिहार है। सभी क्षेत्रों में कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2030 तक राज्य के एक करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार उपलब्ध कराया जायेगा।
सीवान शहर को व्यवस्थित शहर बनाना है। यहां इको टूरिज्म को विकसित किया जाएगा। बिहार में सुशासन स्थापित है। अपराधी किसी जाति या धर्म के हो, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। या तो अपराधी बिहार छोड़ेंगे या उन्हें दुनिया छोड़ना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीवान में चीनी मिल खोला जाएगा, इसके लिए जमीन चिह्नित करने के लिए जिलाधिकारी को कहा गया है। प्रखंड और पंचायत स्तर पर दूध, सब्जी, मत्स्य पालन को बढ़ावा देना है। इन सब चीजों को हाट बाजार का कॉन्सेप्ट बनाकर एक जगह पर बेचना है ताकि किसानों को इसका लाभ मिल सके।
बिहार के विकास के लिए तेजी से कार्य करना है। मैंने अपने 60 दिन के कार्यकाल में कई निर्णय लिए हैं। कुछ लोग पूछते हैं कि इतनी जल्दी में क्यों हैं, मैं उनसे कहता हूं कि बिहार को समृद्ध बनाने के लिए न हमको सोना है और न किसी को सोने देना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के सपने तथा पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार बनाने के सपने को पूरा करना है।













