बिहार पर्यटन को लग्जरी पहचान:,पटना से केरा वैन सेवा जल्द, परिवार और ग्रुप के लिए प्राइवेट लग्जरी सफर

बिहार अब पर्यटन के क्षेत्र में एक नई और आधुनिक पहचान बनाने की ओर बढ़ रहा है। राज्य के प्रमुख धार्मिक, ऐतिहासिक और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों तक यात्रियों को आरामदायक और प्राइवेट सफर का अनुभव देने के लिए पटना से ‘केरा वैन’ लग्जरी बस सेवा शुरू की जा रही है। परिवहन विभाग ने इसके लिए परमिट जारी कर दिया है और अगले 15 दिनों के भीतर यह सेवा.....

बिहार पर्यटन को लग्जरी पहचान:,पटना से केरा वैन सेवा जल्द, परिवार और ग्रुप के लिए प्राइवेट लग्जरी सफर

बिहार अब पर्यटन के क्षेत्र में एक नई और आधुनिक पहचान बनाने की ओर बढ़ रहा है। राज्य के प्रमुख धार्मिक, ऐतिहासिक और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों तक यात्रियों को आरामदायक और प्राइवेट सफर का अनुभव देने के लिए पटना से ‘केरा वैन’ लग्जरी बस सेवा शुरू की जा रही है। परिवहन विभाग ने इसके लिए परमिट जारी कर दिया है और अगले 15 दिनों के भीतर यह सेवा सड़कों पर उतरने वाली है।

परिवार और छोटे ग्रुप के लिए खास सुविधा
यह खास लग्जरी वैन उन पर्यटकों के लिए तैयार की गई है, जो परिवार या दोस्तों के साथ भीड़-भाड़ से दूर, सुरक्षित और आरामदायक यात्रा करना चाहते हैं। एक केरा वैन में एक साथ 10 लोग सफर कर सकेंगे। इसके जरिए गया, राजगीर, नवादा, जहानाबाद, बक्सर, बांका और वाल्मीकिनगर टाइगर रिजर्व जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों तक यात्रा की जा सकेगी।

चलता-फिरता होटल बनेगी केरा वैन
बता दें कि केरा वैन को इस तरह डिजाइन किया गया है कि यात्रियों को सफर के दौरान भी होटल जैसी सुविधाएं मिलें। इसमें चार बड़े और आरामदायक स्लीपर बेड, तीन लक्जरी सोफा सीटें, प्राइवेट बेडरूम, सुसज्जित किचन, शॉवर और वॉशरूम की सुविधा साथ ही इंडक्शन, माइक्रोवेव और फ्रिज मौजूद होंगे, जिससे खानपान पूरी तरह सुविधाजनक रहेगा और होटल में बार-बार रुकने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

मनोरंजन और सुरक्षा का पूरा ख्याल
यात्रियों के मनोरंजन के लिए वैन में बड़ा एलईडी टीवी, साउंड सिस्टम और अन्य आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं। सुरक्षा के लिहाज से इसमें सीसीटीवी कैमरे, फायर डिटेक्टर, जीपीएस ट्रैकिंग, इमरजेंसी एग्जिट सिस्टम जैसी सुविधाएं दी गई हैं। इसके अलावा एसी, एयर सस्पेंशन, हॉट-कोल्ड वॉटर सिस्टम और वाई-फाई इसे सचमुच एक “चलता-फिरता होटल” बना देते हैं।पटना से केरा वैन की न्यूनतम यात्रा दूरी 250 किलोमीटर तय की गई है। इसके लिए 19 हजार रुपये का पैकेज रखा गया है। अधिकतम दूरी की कोई सीमा नहीं है, यानी पर्यटक अपनी जरूरत और योजना के अनुसार लंबी यात्रा भी कर सकते हैं। 

अवैध बस मॉडिफिकेशन पर सरकार सख्त
इसी बीच परिवहन मंत्री श्रवण कुमार ने साफ चेतावनी दी है कि राज्य में बसों के अवैध मॉडिफिकेशन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सीटर के रूप में पंजीकृत बसों को मिक्स्ड सीटर-स्लीपर में चलाने वालों का परमिट तुरंत रद्द किया जाएगा। साथ ही संबंधित ऑपरेटरों, आरटीओ अधिकारियों और अन्य जिम्मेदार लोगों पर भी कार्रवाई होगी।