बिहार का मखाना बना ग्लोबल ब्रांड, मिला ‘गोल्डन पीकॉक अवॉर्ड 2026’ का गौरव

कभी तालाबों तक सीमित रहने वाला मखाना आज बिहार की पहचान बनकर दुनिया के बाजारों में छा रहा है। बिहार की मिट्टी में उपजा‘मखाना’ अब सिर्फ एक पारंपरिक खाद्य पदार्थ नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है। राज्य के उद्यान निदेशालय को मखाना वैल्यू चेन में किए गए अभिनव कार्यों के लिए प्रतिष्ठित ‘गोल्डन पीकॉक इनोवेटिव प्रोडक्ट/सर्विस अवार्ड-2026’ से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान इंस्टीट्यूट ऑफ डायरेक्टर्स......

बिहार का मखाना बना ग्लोबल ब्रांड, मिला ‘गोल्डन पीकॉक अवॉर्ड 2026’ का गौरव

कभी तालाबों तक सीमित रहने वाला मखाना आज बिहार की पहचान बनकर दुनिया के बाजारों में छा रहा है। बिहार की मिट्टी में उपजा‘मखाना’ अब सिर्फ एक पारंपरिक खाद्य पदार्थ नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है। राज्य के उद्यान निदेशालय को मखाना वैल्यू चेन में किए गए अभिनव कार्यों के लिए प्रतिष्ठित ‘गोल्डन पीकॉक इनोवेटिव प्रोडक्ट/सर्विस अवार्ड-2026’ से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान इंस्टीट्यूट ऑफ डायरेक्टर्स (IOD) द्वारा प्रदान किया जाता है। इस अवॉर्ड के लिए चयन  भारत के पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस उदय यू. ललित की अध्यक्षता वाली उच्चस्तरीय जूरी ने किया।

85% उत्पादन के साथ बिहार की बादशाहत
बता दें कि मखाना बिहार के लिए केवल एक फसल नहीं, बल्कि आर्थिक और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है। देश में होने वाले कुल मखाना उत्पादन का करीब 85% हिस्सा अकेले बिहार से आता है, जो इसे इस क्षेत्र में अग्रणी बनाता है। उद्यान निदेशालय ने पिछले कुछ वर्षों में मखाना की पूरी वैल्यू चेन—उत्पादन, प्रोसेसिंग, ब्रांडिंग, पैकेजिंग और निर्यात—को आधुनिक तकनीकों से जोड़ते हुए एक नया मॉडल तैयार किया है।

किसानों की आय में बढ़ोतरी
इस रणनीतिक विकास का सीधा फायदा किसानों को मिला है। जहां एक ओर मखाना की गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय मानकों तक पहुंची है, वहीं दूसरी ओर किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। कृषि मंत्री रामकृपाल यादव ने इस उपलब्धि पर उद्यान निदेशालय के निदेशक अभिषेक कुमार और उनकी टीम को बधाई देते हुए कहा कि यह सम्मान सरकार की दूरदर्शी नीतियों, वैज्ञानिकों की मेहनत और किसानों के समर्पण का संयुक्त परिणाम है।

दिल्ली में होगा सम्मान समारोह
IOD द्वारा जारी आधिकारिक सूचना के अनुसार, इस प्रतिष्ठित पुरस्कार की ट्रॉफी और प्रमाण पत्र जल्द ही नई दिल्ली में आयोजित एक भव्य समारोह में प्रदान किए जाएंगे।आईओडी के डायरेक्टर जनरल डॉ. वी.के. अग्निहोत्री ने उद्यान निदेशालय के निदेशक अभिषेक कुमार और उनकी टीम को सस्टेनेबिलिटी और उत्कृष्टता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के लिए विशेष रूप से बधाई दी है। आज मखाना ‘ब्रांड बिहार’ के रूप में देश-विदेश के बाजारों में तेजी से अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है। आधुनिक तकनीकों और सीधे निर्यात की सुविधा ने किसानों को बिचौलियों से मुक्ति दिलाकर उन्हें वैश्विक बाजार से सीधे जोड़ दिया है। सरकार अब इसी मॉडल को अपनाकर राज्य की अन्य बागवानी फसलों को भी अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है।