तीन महिला सुरक्षाकर्मियों की तैनाती के बावजूद मनचले बेखौफ, छेड़खानी पर महिला गार्ड ने लात-घूंसों से कर दी जमकर धुनाई
मोतिहारी जिले के पताही प्रखंड स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में उस समय अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब ड्यूटी पर तैनात एक महिला सुरक्षा गार्ड ने छेड़खानी का कड़ा विरोध करते हुए एक युवक की चप्पलों और लात-घूंसों से जमकर धुनाई कर दी। पिट रहा युवक अस्पताल में ही संविदा पर तैनात एम्बुलेंस सहायक शुभम कुमार बताया जाता है। इस पूरे घटनाक्रम का किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जो अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
DESWA DESK : मोतिहारी जिले के पताही प्रखंड स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में उस समय अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब ड्यूटी पर तैनात एक महिला सुरक्षा गार्ड ने छेड़खानी का कड़ा विरोध करते हुए एक युवक की चप्पलों और लात-घूंसों से जमकर धुनाई कर दी। पिट रहा युवक अस्पताल में ही संविदा पर तैनात एम्बुलेंस सहायक शुभम कुमार बताया जाता है। इस पूरे घटनाक्रम का किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जो अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
स्थानीय सूत्रों से मिली पुख्ता जानकारी के अनुसार, आरोपी एम्बुलेंस सहायक शुभम कुमार का यह पहला विवाद नहीं है। वह पूर्व में भी अस्पताल परिसर के भीतर ही एक आशा कार्यकर्ता के साथ छेड़खानी करते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया था। आरोप है कि उस गंभीर मामले के बाद भी अस्पताल प्रबंधन द्वारा दागी कर्मी के खिलाफ कोई दंडात्मक या सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई। इसी प्रशासनिक ढुलमुल रवैए के कारण आरोपी के हौसले बुलंद थे और वह अस्पताल में तैनात महिला सुरक्षाकर्मियों पर भी लगातार फब्तियां कस रहा था।
अस्पताल में महिला स्टाफ और महिला मरीजों की सुरक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से विभाग द्वारा तीन महिला सुरक्षाकर्मियों की नियमित तैनाती की गई है, जो प्रतिदिन अपनी ड्यूटी पर आती हैं। सुरक्षा व्यवस्था चुस्त होने के बावजूद अस्पताल के ही एक कर्मी द्वारा इस तरह की घिनौनी हरकत को अंजाम देना प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े करता है। गुरुवार को जब आरोपी की बदतमीजी बर्दाश्त से बाहर हो गई, तो ऑन-ड्यूटी महिला सुरक्षा गार्ड ने लोक-लाज की परवाह छोड़ रौद्र रूप धारण कर लिया और बीच परिसर में ही मनचले को पकड़कर उसका 'लाइव इलाज' कर दिया।
इस हाईवोल्टेज ड्रामे के बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक असहज स्थिति बनी रही। स्थानीय प्रबुद्ध नागरिकों और स्वास्थ्य कर्मियों में इस बात को लेकर गहरा रोष है कि पूर्व के मामलों को दबाने के कारण ही ऐसी नौबत आई। क्षेत्र के लोगों ने सिविल सर्जन से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप करते हुए दागी एम्बुलेंस सहायक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मोतिहारी से संतोष राउत की रिपोर्ट













