नागरिक सेवाओं के लिए लोगों को बार-बार कार्यालयों का चक्कर ना लगाना पड़े, सीएम का निर्देश-निवेश एवं व्यवसाय के लिए सुगम वातावरण बनाएं अधिकारी

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि सरकार की भूमिका नागरिकों और उद्यमियों को सुविधा प्रदान करने की होनी चाहिए। उद्योगों, निवेशकों, स्टार्टअप्स, व्यापारिक प्रतिष्ठानों तथा आम नागरिकों को सेवाओं के लिए बार-बार कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े, अधिकरी इसका ध्यान रखें।

नागरिक सेवाओं के लिए लोगों को बार-बार कार्यालयों का चक्कर ना लगाना पड़े, सीएम का निर्देश-निवेश एवं व्यवसाय के लिए सुगम वातावरण बनाएं अधिकारी

DESWA DESK : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि सरकार की भूमिका नागरिकों और उद्यमियों को सुविधा प्रदान करने की होनी चाहिए। उद्योगों, निवेशकों, स्टार्टअप्स, व्यापारिक प्रतिष्ठानों तथा आम नागरिकों को सेवाओं के लिए बार-बार कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े, अधिकरी इसका ध्यान रखें।

सम्राट चौधरी ने लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में Compliance Reduction and Deregulation से संबंधित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक को संबोधित करते हुए यह बातें कही।

बैठक में उद्योग विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग, श्रम संसाधन विभाग, कृषि विभाग, ऊर्जा विभाग, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, पर्यटन विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, सामान्य प्रशासन विभाग, फायर सर्विसेज से संबंधित विषयों एवं सुधारात्मक प्रयासों तथा आगे की कार्य योजना के बारे में इन विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव और सचिव ने विस्तृत जानकारी दी।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि निवेशकों तथा आम नागरिकों को सेवाओं के लिए बार-बार कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े। सभी विभाग डिजिटल माध्यमों, स्व-प्रमाणन, ऑनलाइन अनुमोदन तथा समयबद्ध सेवा वितरण की व्यवस्था को और सुदृढ़ करें। प्रत्येक विभाग अपने अधीन सभी लाइसेंस, अनुमतियों, निरीक्षण प्रक्रियाओं तथा रिपोर्टिंग आवश्यकताओं का परीक्षण कर अगले निर्धारित समय के भीतर सरलीकरण के लिए ठोस प्रस्ताव प्रस्तुत करे। 

विभाग यह सुनिश्चित करे कि एक ही सूचना विभिन्न स्तरों पर बार-बार मांगने की व्यवस्था समाप्त हो। उन्होंने कहा कि इन सुधारों से उद्योगों और बाजारों पर अनावश्यक बोझ कम होगा तथा प्रतिस्पर्द्धा एवं दक्षता को बढ़ावा मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन सुधारों से राज्य में कारोबार सुगमता, प्रशासनिक दक्षता तथा नागरिक सेवाओं की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होगा और बिहार निवेश एवं औद्योगिक विकास के लिए एक अधिक आकर्षक राज्य के रूप में उभरेगा।

बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल, उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह, नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. रामचन्द्र प्रसाद, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।