पूर्णिया में नीतीश कुमार के सामने मंच पर रोने लगीं मंत्री लेशी सिंह, CM को बताया ‘कृष्ण’

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ‘समृद्धि यात्रा’ के तीसरे चरण के तहत गुरुवार को पूर्णिया में बड़ी जनसभा आयोजित की गई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य में हुए विकास कार्यों का जिक्र करते हुए पिछली सरकारों पर जमकर निशाना साधा।सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि वर्ष 2005 में जब से एनडीए की सरकार बनी, तब से बिहार में विकास की रफ्तार....

पूर्णिया में नीतीश कुमार के सामने मंच पर रोने लगीं मंत्री लेशी सिंह, CM को बताया ‘कृष्ण’

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ‘समृद्धि यात्रा’ के तीसरे चरण के तहत गुरुवार को पूर्णिया में बड़ी जनसभा आयोजित की गई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य में हुए विकास कार्यों का जिक्र करते हुए पिछली सरकारों पर जमकर निशाना साधा।सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि वर्ष 2005 में जब से एनडीए की सरकार बनी, तब से बिहार में विकास की रफ्तार तेज हुई। उन्होंने कहा कि उससे पहले प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब थी और लोग शाम ढलते ही घर से बाहर निकलने से डरते थे।

बिहार में कानून का राज स्थापित 
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था लगभग चौपट हो चुकी थी। सड़कों की संख्या कम थी और जो सड़कें थीं उनकी हालत भी बेहद खराब थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय समाज में आपसी तनाव और झगड़े आम बात थे, लेकिन उनकी सरकार ने बिहार में कानून का राज स्थापित किया और विकास को नई दिशा दी। वहीं मुख्यमंत्री के मंच पर पहुंचने से पहले राज्य सरकार की मंत्री लेसी सिंह ने भी सभा को संबोधित किया। इस दौरान भावुक होते हुए वह रो पड़ीं। उन्होंने कहा कि जब उनके परिवार पर कठिन समय आया, तब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ढाल बनकर उनके साथ खड़े रहे।

मुश्किल दौर से बाहर निकालने में मदद की-लेसी सिंह
लेसी सिंह ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री ने हमेशा उनका साथ दिया और संकट के समय उन्हें सहारा दिया। उन्होंने भावुक होकर कहा कि जिस तरह भगवान कृष्ण ने लोगों को संकट से बाहर निकाला, उसी तरह मुख्यमंत्री ने भी उन्हें मुश्किल दौर से बाहर निकालने में मदद की। इतना कहते-कहते मंत्री मंच पर ही रोने लगीं।बता दें कि मंच पर पहुंचने से पहले नीतीश कुमार ने शहर के प्रसिद्ध मां पूरणदेवी मंदिर में दर्शन किए। मंदिर में पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया। यहां मुख्यमंत्री करीब 15 मिनट तक रूके। यहां से वे थाना चौक स्थित मत्स्य एवं पशुपालन विभाग के कार्यालय पहुंचे। यहां 500 करोड़ की 200 योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।CM की सुरक्षा को लेकर पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। ट्रैफिक रूट में भी बदल किए गए है।गौरतलब हो कि 'समृद्धि यात्रा' की शुरुआत 10 मार्च (मंगलवार) को सुपौल और मधेपुरा से हुई थी, जो 14 मार्च को शेखपुरा में खत्म होगी।