पटना मेट्रो को मिली रफ्तार: भूतनाथ-मलाही पकड़ी सेक्शन का ट्रायल सफल

पटना में शहरी परिवहन को नई रफ्तार देने वाली पटना मेट्रो अब अपने अगले अहम पड़ाव के करीब पहुंच गई है। भूतनाथ से मलाही पकड़ी के बीच हाल ही में सफल ट्रायल रन किया गया, जिसमें...

पटना मेट्रो को मिली रफ्तार: भूतनाथ-मलाही पकड़ी सेक्शन का ट्रायल सफल

पटना में शहरी परिवहन को नई रफ्तार देने वाली पटना मेट्रो अब अपने अगले अहम पड़ाव के करीब पहुंच गई है। भूतनाथ से मलाही पकड़ी के बीच हाल ही में सफल ट्रायल रन किया गया, जिसमें महज 10 मिनट में यह सफर पूरा कर लिया गया—यह संकेत है कि राजधानी के यातायात में जल्द बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।

‎मेट्रो रेलवे सुरक्षा आयुक्त नीलाभ्रा सेनगुप्ता ने अपनी टीम के साथ भूतनाथ से मलाही पकड़ी (डाउन लाइन) तक ट्रॉली निरीक्षण किया। इस दौरान ट्रैक, सिग्नलिंग और सुरक्षा मानकों की गहन जांच की गई, ताकि यात्रियों के लिए उच्च स्तर की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।

‎एक सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट आएगी

‎ट्रायल के दौरान मलाही पकड़ी मेट्रो स्टेशन पर अग्निशमन प्रणाली, लिफ्ट, एस्केलेटर और इमरजेंसी एग्जिट जैसी जरूरी सुविधाओं की विशेष जांच की गई। अधिकारियों के मुताबिक, एक सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट आएगी। यदि सब कुछ मानकों के अनुरूप पाया गया, तो मई महीने में इस सेक्शन का उद्घाटन संभव है।इस विस्तार के साथ राजेंद्र नगर और कंकड़बाग जैसे घनी आबादी वाले इलाकों को सीधा लाभ मिलेगा। अभी मेट्रो सुबह 8 बजे से शाम 8 बजे तक संचालित हो रही है, लेकिन मलाही पकड़ी तक परिचालन शुरू होने पर नेटवर्क लगभग 6 किलोमीटर तक और बढ़ जाएगा। हालांकि, भूतनाथ और मलाही पकड़ी के बीच खेमनीचक स्टेशन पर फिलहाल मेट्रो का ठहराव नहीं होगा, क्योंकि इसे भविष्य में मीठापुर बाइपास लिंक के लिए इंटरचेंज स्टेशन के रूप में विकसित किया जा रहा है।

‎तेज़ी और पारदर्शिता के साथ पूरा किया जाए

‎इसी बीच बिहार सरकार ने भी परियोजना को लेकर सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि शहरी विकास से जुड़ी योजनाओं को तेज़ी और पारदर्शिता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने खास तौर पर मलाही पकड़ी से राजेंद्र नगर टर्मिनल और आगे पटना जंक्शन तक मेट्रो कनेक्टिविटी को जल्द पूरा करने पर जोर दिया।आईएसबीटी, राजेंद्र नगर टर्मिनल और पटना जंक्शन के आपस में जुड़ जाने से शहर में आवागमन काफी आसान हो जाएगा, जिससे ट्रैफिक दबाव कम होने और लोगों के समय की बचत होने की उम्मीद है।