'दुनिया की कोई भी ताकत हमारा अस्तित्व खत्म नहीं कर सकती', BJP में विलय की खबरों पर उपेंद्र कुशवाहा का बड़ा बयान
राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने अपनी पार्टी के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में विलय की अटकलों पर विराम लगा दिया है। कई महीनों से चल रही इन चर्चाओं को सिरे से खारिज करते हुए कुशवाहा ने साफ कर दिया कि उनकी पार्टी का वजूद किसी पद के लिए खत्म नहीं होने वाला है। उन्होंने मीडिया में चल रही खबरों को पूरी तरह से बेबुनियाद बताया।
DESWA DESK : राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने अपनी पार्टी के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में विलय की अटकलों पर विराम लगा दिया है। कई महीनों से चल रही इन चर्चाओं को सिरे से खारिज करते हुए कुशवाहा ने साफ कर दिया कि उनकी पार्टी का वजूद किसी पद के लिए खत्म नहीं होने वाला है। उन्होंने मीडिया में चल रही खबरों को पूरी तरह से बेबुनियाद बताया।
तारीख तक घोषित कर दी गई थी, लेकिन ऐसा कुछ नहीं था-कुशवाहा
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि कई महीने पहले यह खबर चली कि राष्ट्रीय लोक मोर्चा का विलय BJP में होने वाला है। कुछ मीडिया चैनलों में तो इस खबर को इस तरह चलाया गया जैसे सब कुछ तय हो चुका हो, यहां तक कि विलय की तारीख भी घोषित कर दी गई थी। ऐसा कहा जा रहा था कि पूरी डील फाइनल है और महज औपचारिकता बाकी है। मगर मैं साफ कर दूं कि ऐसा कुछ भी नहीं था।
'किसी एक पद के लिए खत्म नहीं होगा राष्ट्रीय लोक मोर्चा का वजूद'
पार्टी के भविष्य और अस्तित्व को लेकर उठ रहे सवालों पर कड़ा रुख अपनाते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आप 100 प्रतिशत इस बात को लेकर आश्वस्त रहिए कि राष्ट्रीय लोक मोर्चा का अस्तित्व किसी एक पद को लेकर खत्म नहीं होगा। दुनिया की कोई भी ताकत ऐसा नहीं कर सकती है।
विप चुनाव से पहले सियासी गलियारों में क्यों अटकलें तेज ?
दरअसल, बिहार की राजनीति में पिछले कुछ समय से यह कयास लगाए जा रहे थे कि उपेंद्र कुशवाहा अपनी पार्टी का विलय BJP में कर सकते हैं। लेकिन कुशवाहा के इस ताजा और आक्रामक बयान ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपनी पार्टी के स्वतंत्र वजूद को बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं और किसी भी तरह के 'पॉलिटिकल कॉम्प्रोमाइज' के मूड में नहीं हैं। कुशवाहा के इस बयान के बाद अब बिहार एनडीए (NDA) के भीतर MLC चुनाव और उपेंद्र कुशवाला के बेटे मंत्री दीपक प्रकाश को उम्मीदवार बनाए जाने को लेकर फिर नई बहस छिड़ गई है।













