बिहार परिवहन विभाग की सख्ती,नंबर प्लेट छेड़छाड़ पर सख्त कार्रवाई: 1200 से ज्यादा गाड़ियों पर जुर्माना, पटना सबसे आगे

बिहार में नंबर प्लेट छुपाकर या उसमें छेड़छाड़ करके गाड़ी चलाने वालों पर अब सख्त कार्रवाई शुरू हो गई है। परिवहन विभाग ने ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ राज्यभर में अभियान तेज कर दिया है। जनवरी से अब तक पूरे बिहार में 1200 से ज्यादा गाड़ियों पर जुर्माना लगाया जा चुका है। इनमें सबसे ज्यादा मामले राजधानी पटना से सामने आए हैं, जहां अब तक 411 गाड़ियों.....

बिहार परिवहन विभाग की सख्ती,नंबर प्लेट छेड़छाड़ पर सख्त कार्रवाई: 1200 से ज्यादा गाड़ियों पर जुर्माना, पटना सबसे आगे

बिहार में नंबर प्लेट छुपाकर या उसमें छेड़छाड़ करके गाड़ी चलाने वालों पर अब सख्त कार्रवाई शुरू हो गई है। परिवहन विभाग ने ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ राज्यभर में अभियान तेज कर दिया है। जनवरी से अब तक पूरे बिहार में 1200 से ज्यादा गाड़ियों पर जुर्माना लगाया जा चुका है। इनमें सबसे ज्यादा मामले राजधानी पटना से सामने आए हैं, जहां अब तक 411 गाड़ियों पर कार्रवाई की जा चुकी है।परिवहन विभाग ने सभी जिलों के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि नंबर प्लेट से छेड़छाड़ करने वाली गाड़ियों को किसी भी हाल में बख्शा न जाए। यदि जांच के दौरान ऐसी कोई गाड़ी पकड़ी जाती है तो सबसे पहले उसे जब्त किया जाएगा, उसके बाद नियमों के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

अब भी हाथ से लिखे हुए नंबर प्लेट 
दरअसल, विभाग का मानना है कि कई आपराधिक घटनाओं में जिन गाड़ियों का इस्तेमाल किया जाता है, उनमें हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नहीं लगी होती है। पुरानी नंबर प्लेट वाली गाड़ियां जब सड़क पर लगे कैमरों या चेकपोस्ट से गुजरती हैं तो उनका नंबर स्पष्ट रूप से पढ़ा नहीं जा पाता। इसी कमजोरी का फायदा कई अपराधी उठाते हैं।जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि कई लोग जानबूझकर नंबर प्लेट के एक या दो अंकों पर टेप, कागज या स्टिकर चिपका देते हैं, ताकि असली नंबर पहचान में न आए। कुछ वाहनों पर अब भी हाथ से लिखे हुए नंबर प्लेट लगे हुए हैं, जो पूरी तरह से नियमों के खिलाफ है।

स्टिकर या अन्य चीजें चिपका देते हैं
परिवहन विभाग के मुताबिक जिन गाड़ियों में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगी भी है, उनमें भी कुछ लोग नंबर के ऊपर स्टिकर या अन्य चीजें चिपका देते हैं। इससे नंबर साफ दिखाई नहीं देता और नियमों का उल्लंघन होता है।आंकड़ों के अनुसार बिहार में अभी भी 20 लाख से ज्यादा पुरानी गाड़ियां ऐसी हैं, जिनमें हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नहीं लगी है। विभाग के नियम के अनुसार 1 अप्रैल 2019 से पहले की सभी गाड़ियों में यह नंबर प्लेट लगाना अनिवार्य है।इसके अलावा करीब 39 हजार ऐसे वाहन मालिक भी हैं, जिन्होंने हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट बनवा तो लिया है, लेकिन अब तक उसे अपनी गाड़ी पर नहीं लगाया है। इसी को देखते हुए परिवहन विभाग अब पूरे राज्य में विशेष जांच अभियान चला रहा है, ताकि नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जा सके।