प्रबोधन कार्यक्रम में सीएम बोले, 'सक्षम विधायक, सशक्त विधानसभा' ही समृद्ध बिहार की आधारशिला
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए सत्ता और विपक्ष दोनों की रचनात्मक एवं सकारात्मक भूमिका आवश्यक है। स्वस्थ संवाद, सार्थक विमर्श और जनहित को सर्वोपरि रखने की भावना ही विधानसभा की गरिमा को बढ़ाती है तथा राज्य के विकास को नई गति देती है। उन्होंने कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान अधिक से अधिक समय सदन को दें। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प एवं पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के सपने को साकार करने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को मिलकर कार्य करना होगा।
DESWA DESK : गयाजी के बिपार्ड में आयोजित बिहार विधानसभा के सदस्यों के दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम का उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन (सेवानिवृत्त), मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह, विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार एवं उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। बिपार्ड (गयाजी), प्राइड (लोकसभा) एवं बिहार विधानसभा सचिवालय के संयुक्त तत्वावधान में यह दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम आयोजित किया गया है।
प्रबोधन कार्यक्रम को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन एवं राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने संबोधित किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 'सक्षम विधायक और सशक्त विधानसभा ही समृद्ध बिहार की आधारशिला हैं।' उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सफलता जनप्रतिनिधियों की क्षमता, जवाबदेही और जनसेवा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पर निर्भर करती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विधायकों को जनता ने विश्वास और अपेक्षाओं के साथ विधानसभा में भेजा है। ऐसे में प्रत्येक विधायक का दायित्व है कि वह अपने क्षेत्र की समस्याओं, जनता की आकांक्षाओं तथा विकास से जुड़े मुद्दों को पूरी तैयारी, तथ्यों एवं सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ सदन में उठाएं। उन्होंने सभी सदस्यों से विधानसभा की कार्यप्रणाली, नियमों और संसदीय परंपराओं का गहन अध्ययन करने का आग्रह किया ताकि वे लोकतांत्रिक संस्थाओं को और अधिक प्रभावी बना सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए सत्ता और विपक्ष दोनों की रचनात्मक एवं सकारात्मक भूमिका आवश्यक है। स्वस्थ संवाद, सार्थक विमर्श और जनहित को सर्वोपरि रखने की भावना ही विधानसभा की गरिमा को बढ़ाती है तथा राज्य के विकास को नई गति देती है। उन्होंने कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान अधिक से अधिक समय सदन को दें। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प एवं पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के सपने को साकार करने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को मिलकर कार्य करना होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना केवल सरकार ही नहीं, बल्कि प्रत्येक जनप्रतिनिधि की भी जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा की कार्यप्रणाली को अधिक आधुनिक, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) सहित नई तकनीकों के उपयोग पर बल दिया। उन्होंने कहा कि बिहार में पीपीपी मॉडल के माध्यम से बस स्टैंड, टाउनशिप तथा अन्य आधारभूत संरचना परियोजनाओं को गति देकर विकास को नई दिशा दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सहयोग कार्यक्रम चला रही है। मेरा अनुरोध है कि आप सभी इसमें सक्रिय भूमिका निभाएं। आपकी सक्रिय भागीदारी से लोगों को न्याय और बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी। मुख्यमंत्री ने शिक्षा के क्षेत्र में राज्य सरकार की ऐतिहासिक पहल का उल्लेख करते हुए कहा कि 15 जुलाई से राज्य के विभिन्न प्रखंडों में 213 नए डिग्री कॉलेजों की शुरूआत की जाएगी। उन्होंने कहा कि यह पहल उच्च शिक्षा के विस्तार, युवाओं को अपने क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराने तथा समृद्ध बिहार के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कदम सिद्ध होगी।
मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि गयाजी में आयोजित यह दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम नवनिर्वाचित विधायकों को संसदीय परंपराओं, विधायी दायित्वों एवं जनसेवा की भावना को और अधिक सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान करेगा तथा एक सक्षम विधायक, सशक्त विधानसभा और समृद्ध बिहार के निर्माण की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा। उद्घाटन सत्र के पश्चात उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल श्री सय्यद अता हसनैन, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिहार सरकार के मंत्रियों, विधायकों ने संयुक्त रूप से तस्वीर खिंचवाई।
प्रबोधन कार्यक्रम को बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार, बिहार विधान परिषद के सभापति श्री अवधेश नारायण सिंह एवं उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम के दौरान बिहार विधानसभा के उपाध्यक्ष नरेन्द्र नारायण यादव सहित सभी मंत्री, विधायक, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, बिपार्ड के महानिदेशक डॉ. बी. राजेन्दर, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, मगध प्रमंडल की आयुक्त डॉ. सफीना एएन, मगध प्रक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक विकास वैभव, जिलाधिकारी शशांक शुभंकर, वरीय पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।
इससे पहले, बिहार विधानसभा के सदस्यों के लिए दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम में भाग लेने के लिए गयाजी पहुंचने पर उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन का मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गयाजी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा पर पुष्पगुच्छ एवं अंगवस्त्र भेंट कर स्वागत किया।













