लखीसराय के अशोक धाम मंदिर में भगदड़ से 7 महिला श्रद्धालुओं की मौत, 19 घायल; करंट की अफवाह के बाद मचा कोहराम
सावन की तीसरी सोमवारी पर लखीसराय के प्रसिद्ध अशोक धाम मंदिर में बड़ा हादसा हो गया। सोमवार तड़के जलाभिषेक के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच अचानक मची भगदड़ में सात महिला श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 19 लोग घायल हो गए। घायलों में पांच की हालत अत्यंत नाजुक देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है।
DESWA DESK : सावन की तीसरी सोमवारी पर लखीसराय के प्रसिद्ध अशोक धाम मंदिर में बड़ा हादसा हो गया। सोमवार तड़के जलाभिषेक के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच अचानक मची भगदड़ में सात महिला श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 19 लोग घायल हो गए। घायलों में पांच की हालत अत्यंत नाजुक देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है।
लखीसराय के जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार ने हादसे और मृतकों की संख्या की आधिकारिक पुष्टि की है। घटना के तुरंत बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। जिलाधिकारी खुद सदर अस्पताल में मौजूद रहकर घायलों के इलाज की निगरानी कर रहे हैं, जबकि पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार मंदिर परिसर में भारी पुलिस बल के साथ कैंप कर रही हैं।
सावन की तीसरी सोमवारी होने के कारण अशोक धाम मंदिर में तड़के से ही बाबा भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए कांवरियों और स्थानीय श्रद्धालुओं की लंबी-लंबी कतारें लगी थीं। चश्मदीदों और प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, कांवरियों की कतार के पास स्थित एक खेत में बिजली का पोल गिर गया। पोल गिरते ही भीड़ के बीच बिजली का करंट फैलने की भयानक अफवाह उड़ गई। तड़के का समय और भीड़ का अत्यधिक दबाव होने के कारण अफवाह फैलते ही श्रद्धालुओं में अफरा-तफरी मच गई।
लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। इसी आपाधापी में कई महिलाएं नीचे गिर गईं और भीड़ उन्हें रौंदते हुए निकल गई, जिससे मौके पर ही चीख-पुकार मच गई। हादसे के तुरंत बाद पुलिस और मंदिर समिति के सदस्यों ने स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल परिसर में स्वजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया है। एसपी प्रेरणा कुमार ने बताया कि स्थिति को नियंत्रण में कर लिया गया है और मंदिर परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। घटना के कारणों की विस्तृत जांच के निर्देश दिए गए हैं।













