प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बिहार में बनेंगे 11 लाख 18 हजार से अधिक पक्के मकान, दो लाख 35 हजार आवासों में गृहप्रवेश 

ग्रामीण विकास विभाग द्वारा सम्राट अशोक कन्वेंशन केंद्र परिसर स्थित बापू सभागार में आयोजित कार्यक्रम का मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं पौधों में जल अर्पित कर विधिवत शुभारंभ किया। इस दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण की उपलब्धियों, प्रगति एवं प्रमुख पहलों पर आधारित लघु फिल्म प्रदर्शित की गई। मुख्यमंत्री ने योजना के लाभुकों को आवास की चाबी एवं नए चयनित लाभुकों को स्वीकृति पत्र प्रदान किया। वहीं, केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केंद्र सरकार द्वारा बिहार को प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत आवंटित लक्ष्य का पत्र मुख्यमंत्री को सौंपा।

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बिहार में बनेंगे 11 लाख 18 हजार से अधिक पक्के मकान, दो लाख 35 हजार आवासों में गृहप्रवेश 

DESWA DESK : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (पीएमएवाई-जी) के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2026-27 में पूर्ण किए गए 2 लाख 35 हजार आवासों के गृह प्रवेश, लाभुकों के बीच आवास की चाबी एवं नए चयनित लाभुकों के बीच स्वीकृति पत्र वितरण तथा केंद्र सरकार द्वारा बिहार को आवंटित नए लक्ष्य से संबंधित कार्यक्रम में शामिल हुए।

ग्रामीण विकास विभाग द्वारा सम्राट अशोक कन्वेंशन केंद्र परिसर स्थित बापू सभागार में आयोजित कार्यक्रम का मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं पौधों में जल अर्पित कर विधिवत शुभारंभ किया। इस दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण की उपलब्धियों, प्रगति एवं प्रमुख पहलों पर आधारित लघु फिल्म प्रदर्शित की गई। मुख्यमंत्री ने योजना के लाभुकों को आवास की चाबी एवं नए चयनित लाभुकों को स्वीकृति पत्र प्रदान किया। वहीं, केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केंद्र सरकार द्वारा बिहार को प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत आवंटित लक्ष्य का पत्र मुख्यमंत्री को सौंपा।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज बिहार के लिए गर्व और सम्मान का दिन है। राज्य के गरीब परिवारों को पक्का मकान उपलब्ध कराने का यह कार्यक्रम बिहार को आगे बढ़ाने वाला है। उन्होंने कहा कि इंदिरा आवास योजना के तहत वर्ष 1986 से 2014 तक बिहार में मात्र 30 लाख पक्के मकान गरीब परिवारों के लिए बनाए गए थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में वर्ष 2014 से 2026 तक बिहार के गरीब परिवारों के लिए 50 लाख पक्के मकान बनाने का अलॉटमेंट किया जा चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2018 के सर्वे में चिन्हित 19 लाख परिवार पक्के मकान से वंचित रह गए थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान के सहयोग से इन परिवारों को भी प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण का लाभ मिला है। योजना के तहत बनने वाले पक्के मकान में 40 प्रतिशत धनराशि बिहार सरकार द्वारा दी जाती है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत वर्ष 2026-27 के लिए बिहार को 11 लाख 18 हजार 937 पक्के मकान बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। 

इसके लिए केंद्र सरकार की ओर से बिहार को 13,427 करोड़ रूपये की सहायता मिलेगी। इसके लिए मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी एवं केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान का आभार व्यक्त करता हूं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत जिन परिवारों को आज आवास की चाबी प्रदान की गई है, उनके सिर पर छत होने से उनके सपनों को नई ऊंचाई मिलेगी। अपना घर सुरक्षा और सम्मान देने के साथ-साथ आत्मविश्वास भी बढ़ाता है। सभी जरूरतमंद लोगों तक विकास का लाभ पहुंचना चाहिए। 

सभी परिवारों का अपना पक्का मकान हो, तभी भारत विश्व में अग्रणी एवं विकसित बनेगा और बिहार समृद्ध होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 'सहयोग कार्यक्रम' लोगों को न्याय देने तथा पदाधिकारियों को सही रास्ता दिखाने वाला कार्यक्रम है। इसके तहत 30 दिनों के अंदर हर हाल में आवेदन का निष्पादन सुनिश्चित किया गया है। ऐसा नहीं करने वाले दोषी पदाधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाती है। 'सहयोग कार्यक्रम' के तहत अब तक 6 लाख 42 हजार आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 96 प्रतिशत आवेदनों का निष्पादन किया जा चुका है। अब तक 9,500 पदाधिकारियों को प्रथम नोटिस, 950 पदाधिकारियों को द्वितीय नोटिस तथा 350 पदाधिकारियों को तृतीय नोटिस जारी किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में स्वयं सहायता समूहों से एक करोड़ 81 लाख जीविका दीदियां जुड़ी हैं, जिनमें 30 लाख से अधिक दीदियां लखपति दीदी बन चुकी हैं। केंद्र सरकार से आग्रह है कि विशेष अभियान चलाकर नालंदा, बक्सर, भागलपुर, मोतिहारी जैसे धार्मिक एवं ऐतिहासिक पर्यटन स्थलों पर जीविका दीदियों के उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने के लिए हाट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि बिहार को आगे बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार से काफी मदद मिल रही है। केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान से आग्रह है कि आप निरंतर बिहार आते रहें और बिहार को समृद्ध बनाने में पूरा सहयोग करें, ताकि राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों को और व्यवस्थित एवं विकसित किया जा सके।

इस अवसर पर केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिहार सरकार द्वारा ग्रामीण विकास के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की और 'सहयोग कार्यक्रम' की प्रशंसा करते हुए कहा कि अन्य राज्यों को भी इसका अनुसरण करना चाहिए। उन्होंने बिहार में महिला सशक्तिकरण की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि लाखों की संख्या में जीविका दीदियों की वार्षिक आमदनी एक लाख रुपये से अधिक हो चुकी है। ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव एचआर श्रीनिवास ने मुख्यमंत्री को हरितगुच्छ एवं स्मृति चिह्न भेंटकर उनका स्वागत किया।

कार्यक्रम को केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार तथा ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव एचआर श्रीनिवास ने भी संबोधित किया।
कार्यक्रम में कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव, ग्रामीण कार्य मंत्री सुनील कुमार, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल, समाज कल्याण मंत्री डॉ. श्वेता गुप्ता, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, जीविका के मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी हिमांशु शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य व्यक्ति, वरीय अधिकारी, लाभुक एवं उनके परिजन उपस्थित थे।