जेडीयू एमएलए पप्पू पांडेय की बढ़ी मुश्किलें, सात साल पुराने मामले में विधायक सहित सतीश पांडेय, मुकेश पाडेय पर भी आरोप गठित
जेडीयू के कुचायकोट से विधायक अमरेंद्र कुमार पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय की कानूनी मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। वर्ष 2019 के एक चर्चित जानलेवा हमले और फायरिंग मामले में गोपालगंज की विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने विधायक समेत तीनों मुख्य आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित कर दिए हैं। जिला एवं सत्र न्यायाधीश (तृतीय) सह एमपी-एमएलए विशेष न्यायालय के न्यायाधीश राजेंद्र कुमार पांडेय की अदालत में यह न्यायिक प्रक्रिया पूरी हुई।
DESWA DESK : जेडीयू के कुचायकोट से विधायक अमरेंद्र कुमार पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय की कानूनी मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। वर्ष 2019 के एक चर्चित जानलेवा हमले और फायरिंग मामले में गोपालगंज की विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने विधायक समेत तीनों मुख्य आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित कर दिए हैं। जिला एवं सत्र न्यायाधीश (तृतीय) सह एमपी-एमएलए विशेष न्यायालय के न्यायाधीश राजेंद्र कुमार पांडेय की अदालत में यह न्यायिक प्रक्रिया पूरी हुई।
अदालत ने जेडीयू विधायक पप्पू पांडेय के साथ-साथ उनके बड़े भाई सतीश पांडेय और भतीजे पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष मुकेश पांडेय पर भी आरोप तय किए हैं। यह मामला मीरगंज थाना क्षेत्र के नयागांव तुलसिया सिंगहा टोला से जुड़ा हुआ है। वर्ष 2019 में वशिष्ठ तिवारी की पत्नी फूलमती कुंवर ने मीरगंज थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। एफआईआर में आरोप लगाया गया था कि आरोपियों ने उनके बेटे अभिमन्यु तिवारी को जान से मारने की नीयत से ताबड़तोड़ फायरिंग की थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तफ्तीश शुरू की और जांच पूरी होने के बाद विधायक पप्पू पांडेय, सतीश पांडेय और मुकेश पांडेय के खिलाफ अदालत में आरोप पत्र (चार्जशीट) दाखिल किया था। बुधवार को विशेष अदालत में सुनवाई के दौरान तीनों आरोपियों की मौजूदगी में आरोप गठन की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर ली गई। आरोप तय होने के साथ ही अब इस मामले का स्पीडी ट्रायल आगे बढ़ेगा।
अगली सुनवाई से अभियोजन पक्ष की ओर से अदालत के समक्ष अपने गवाहों को बयान के लिए लाया जाएगा और साक्ष्य पेश किए जाएंगे। गवाहियों का सिलसिला पूरा होने के बाद ही अदालत इस हाईप्रोफाइल मामले में अपना अंतिम फैसला सुनाएगी।













