सचिवालय में अब ड्रेस कोड अनिवार्य, जींस-टीशर्ट पहन कर आने पर लगी रोक, लेट-लतीफी और बिना कारण बताए अनुपस्थिति पर कार्रवाई

नई गाइडलाइन में सचिवालय सहायक, सहायक प्रशाखा पदाधिकारी, प्रशाखा पदाधिकारी और वरीय सचिवालय सहायक से लेकर आशुलिपिक तक के कर्तव्य-दायित्व और कार्यपद्धति को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया है। अब कोई भी अधिकारी या कर्मचारी कैजुअल ड्रेस, जींस या टीशर्ट पहनकर कार्यालय नहीं आएंगे। सभी को ड्रेस कोड  के अनुरूप साफ-सुथरे और व्यवस्थित कपड़ों में आना होगा। इसके साथ ही दफ्तर की पूरी अवधि के दौरान सभी कर्मियों को अपना पहचानपत्र गले में पहनना अनिवार्य कर दिया गया है। 

सचिवालय में अब ड्रेस कोड अनिवार्य, जींस-टीशर्ट पहन कर आने पर लगी रोक, लेट-लतीफी और बिना कारण बताए अनुपस्थिति पर कार्रवाई

DESWA DESK : पटना सचिवालय में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों की कार्यशैली, अनुशासन और पहनावे को लेकर राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। अब सचिवालय में मनमर्जी के कपड़े पहनकर आने या देर से दफ्तर पहुंचने वाले कर्मियों पर कार्रवाई होगी। सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर ने इस संबंध में पत्र के माध्यम से विस्तृत गाइडलाइन जारी किया है।

नई गाइडलाइन में सचिवालय सहायक, सहायक प्रशाखा पदाधिकारी, प्रशाखा पदाधिकारी और वरीय सचिवालय सहायक से लेकर आशुलिपिक तक के कर्तव्य-दायित्व और कार्यपद्धति को स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया है। अब कोई भी अधिकारी या कर्मचारी कैजुअल ड्रेस, जींस या टीशर्ट पहनकर कार्यालय नहीं आएंगे। सभी को ड्रेस कोड  के अनुरूप साफ-सुथरे और व्यवस्थित कपड़ों में आना होगा। इसके साथ ही दफ्तर की पूरी अवधि के दौरान सभी कर्मियों को अपना पहचानपत्र गले में पहनना अनिवार्य कर दिया गया है। 

कार्यालय अवधि का पालन कराने के लिए बायोमीट्रिक उपस्थिति को मुख्य आधार बनाया गया है। अब समय पर न पहुंचने या कार्यालय समय खत्म होने से पहले ही निकल जाने वालों को चिन्हित किया जाएगा। इसके साथ ही, बिना पूर्व अनुमति अनुपस्थित रहने पर संबंधित कर्मी से कारण बताओ नोटिस जारी कर अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी। अपरिहार्य परिस्थितियों यदि कोई कर्मचारी देर से आता है या समय से पहले दफ्तर छोड़ना चाहता है तो उसे सक्षम पदाधिकारी से पूर्व अनुमति लेनी होगी। 

आपातकालीन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने राहत भी दी है कि विशेष स्थितियों में दूरभाष या व्हाट्सएप के जरिए भी सक्षम अधिकारी से अनुमति ली जा सकेगी। हालांकि सामान्य दिनों में बिना अवकाश स्वीकृत कराए दफ्तर से अनुपस्थित रहने पर पूरी तरह रोक रहेगी। सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर ने पत्र में उल्लेख किया है कि हाल के दिनों में कई सेवा संवर्गों की संरचना और पदनामों में संशोधन किया गया है। ऐसे में कर्मचारियों के दायित्वों को नए सिरे से तय करने और सचिवालय के कामकाज को सुचारू व पारदर्शी बनाने के लिए यह गाइडलाइन जारी करना आवश्यक हो गया था।