नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव आखिर कहां हैं..? विधानसभा में बीजेपी के सवाल पर आरजेडी ने दिया ये जवाब..?

बिहार विधानसभा के पांच दिवसीय मानसून सत्र के चौथे दिन गुरुवार को सदन के भीतर उस समय बीजेपी और आरजेडी में तीखी बहस देखने को मिली, जब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की लगातार अनुपस्थिति का मुद्दा उठा। पहले दिन से ही सदन की कार्यवाही से अनुपस्थित तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी पर सत्ता पक्ष ने सवाल दागा कि आखिर विपक्ष के नेता देश में हैं या विदेश में?

नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव आखिर कहां हैं..? विधानसभा में बीजेपी के सवाल पर आरजेडी ने दिया ये जवाब..?

DESWA DESK : बिहार विधानसभा के पांच दिवसीय मानसून सत्र के चौथे दिन गुरुवार को सदन के भीतर उस समय बीजेपी और आरजेडी में तीखी बहस देखने को मिली, जब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की लगातार अनुपस्थिति का मुद्दा उठा। पहले दिन से ही सदन की कार्यवाही से अनुपस्थित तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी पर सत्ता पक्ष ने सवाल दागा कि आखिर विपक्ष के नेता देश में हैं या विदेश में? 

शुरुआत कृषि मंत्री विजय सिन्हा के बयान से हुई। उन्होंने आसन के समक्ष यह सवाल उठाते हुए कहा कि सदन में सत्ता पक्ष के साथ-साथ विपक्ष के नेता की भूमिका भी बेहद जिम्मेदारी भरी होती है। आज सत्र का चौथा दिन है और कल अंतिम दिन है। जिन्हें हम नेता प्रतिपक्ष मानते हैं, उनके बारे में पूरा सदन जानना चाहता है कि आखिर वे कहां हैं?
 
सदन में जब तेजस्वी की अनुपस्थिति का मामला गरमाया तो राजद विधायक कुमार सर्वजीत ने पलटवार करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र और सम्राट कैबिनेट के स्वास्थ्य मंत्री ’निशांत कुमार का मुद्दा उठा दिया। कृषि मंत्री ने तुरंत बताया कि निशांत कुमार विधान परिषद की कार्यवाही में मौजूद हैं। इसके बाद जब विधानसभा अध्यक्ष ने भी राजद सदस्यों से सदन की भावना का सम्मान करते हुए तेजस्वी का स्थान बताने को कहा तब कुमार सर्वजीत ने बयान दिया।

कुमार सर्वजीत ने कहा कि देशभर के लोग जानते हैं कि राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद अस्वस्थ हैं और दिल्ली में उनका इलाज चल रहा है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव अपने बीमार पिता की देखभाल के लिए दिल्ली में हैं। कुमार सर्वजीत के इस सवाल पर बीजेपी विधायक और पूर्व मंत्री जीवेश मिश्रा ने तुरंत सवाल दाग दिया। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि सदन से आखिर नेता प्रतिपक्ष को एलर्जी क्यों है? उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब-जब विधानसभा का सत्र चलता है, तब-तब नेता प्रतिपक्ष गायब हो जाते हैं। समझ नहीं आता कि उन्हें सदन की कार्यवाही से आखिर उन्हें क्या एलर्जी है! 

जीवेश मिश्रा ने राजद के पुराने शासनकाल की यादव दिलाते हुए कहा कि बिहार में आज विकास की नई इबारत लिखी जा रही है। एनडीए सरकार ने शहर से गांव तक सड़कों का जाल बिछाया है। जो लोग अपने दौर में अलकतरा तक पी गए, वे आज हमसे नजर क्या मिलाएंगे। हमारी सरकार ने गरीब के बच्चों की पढ़ाई- लिखाई का पूरा इंतजाम किया है।

 हमारी ही सरकार ने उनकी कलम में स्याही भरी है, जबकि इन लोगों ने लाठी में सिर्फ तेल पिलाने का काम किया था। इस दौरान पक्ष-विपक्ष के बीच सियासी गरमाहट देखने को मिली और लाठी में तेल पिलाने बनाम एनडीए के विकास मॉडल को लेकर दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। बता दें कि शुक्रवार को मानसून सत्र का अंतिम दिन है। अब देखने वाली बात होगी कि सत्र के आखिरी दिन विपक्ष तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी के बीच सरकार को किन मुद्दों पर घेरता है।