बिहार में मौसम का डबल अटैक: कहीं राहत की बूंदें, तो कहीं लू का कहर

बिहार में मौसम इन दिनों दो बिल्कुल अलग रंग दिखा रहा है। एक ओर सीमांचल के जिलों में बादलों की हलचल ने राहत की उम्मीद जगाई है, वहीं पटना समेत दक्षिण बिहार के इलाकों में भीषण गर्मी ने हालात को बेहद चुनौतीपूर्ण बना दिया है। तेज धूप और..

बिहार में मौसम का डबल अटैक: कहीं राहत की बूंदें, तो कहीं लू का कहर

‎बिहार में मौसम इन दिनों दो बिल्कुल अलग रंग दिखा रहा है। एक ओर सीमांचल के जिलों में बादलों की हलचल ने राहत की उम्मीद जगाई है, वहीं पटना समेत दक्षिण बिहार के इलाकों में भीषण गर्मी ने हालात को बेहद चुनौतीपूर्ण बना दिया है। तेज धूप और पछुआ हवाओं के कारण पूरा प्रदेश मानो भट्टी में तब्दील हो गया है, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

‎डेहरी बना सबसे गर्म शहर, 41°C के पार पारा

‎बुधवार को रोहतास का डेहरी बिहार का सबसे गर्म इलाका रहा, जहां अधिकतम तापमान 41.8°C दर्ज किया गया। पटना, गया और औरंगाबाद जैसे शहरों में भी सूरज के तेवर बेहद तीखे बने हुए हैं।शुष्क पछुआ हवाओं ने हवा से नमी लगभग खत्म कर दी है, जिससे गर्मी और भी झुलसाने वाली महसूस हो रही है। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा नजर आता है और लोग घरों में रहने को मजबूर हैं।

‎सीमांचल में राहत की उम्मीद

‎वहीं भीषण गर्मी के बीच मौसम विभाग ने राहत भरी खबर दी है। 17 से 19 अप्रैल के दौरान पूर्णिया, कटिहार, अररिया और किशनगंज जैसे सीमांचल जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार हैं।हालांकि यह बारिश व्यापक नहीं होगी, लेकिन स्थानीय स्तर पर चलने वाली ठंडी हवाएं उमस भरी गर्मी से कुछ राहत जरूर देंगी। बादलों की आवाजाही से तापमान में हल्की गिरावट भी संभव है।

दक्षिण बिहार में हीट वेव का अलर्ट

‎राहत की खबरों के साथ ही चेतावनी भी जारी की गई है। 18 अप्रैल से दक्षिण और मध्य बिहार के कई जिलों में लू का प्रकोप बढ़ने की संभावना है। बक्सर, भोजपुर, कैमूर और औरंगाबाद के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इन इलाकों में तापमान सामान्य से 4–5 डिग्री ज्यादा रह सकता है। खासकर दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक बाहर निकलना खतरनाक साबित हो सकता है।

‎भीषण गर्मी से बचने के लिए कुछ जरूरी सलाह

‎डॉक्टरों और विशेषज्ञों ने इस भीषण गर्मी से बचने के लिए कुछ जरूरी सलाह दी है।पर्याप्त मात्रा में पानी और तरल पदार्थ लें,सूती कपड़े पहनें और सिर को ढककर रखें।सत्तू, नींबू पानी और ORS का सेवन बढ़ाएं,खाली पेट धूप में निकलने से बचें। इतना ही नहीं दोपहर के समय बाहर जाने से परहेज करें।