लोकसभा में देर रात वक्फ संशोधन विधेयक बहुमत से हो गया पारित, आज राज्यसभा में पेश होगा

लोकसभा में बुधवार देर रात करीब एक बजे वक्फ संशोधन विधेयक बहुमत से पारित होगया। विधेयक के पक्ष में 288, जबकि विरोध में 232 मत पड़े। सदन ने विपक्ष के सभी संशोधनों को भी ध्वनिमत से खारिज कर दिया।अब यह विधेयक आज यानी बृहस्पतिवार को राज्यसभा में पेश किया जाएगा। विधेयक पर लोकसभा में 12 घंटे से अधिक समय तक चर्चा हुई। 

लोकसभा में देर रात वक्फ संशोधन विधेयक बहुमत से हो गया पारित, आज राज्यसभा में पेश होगा
Lok Sabha

लोकसभा में बुधवार देर रात करीब एक बजे वक्फ संशोधन विधेयक बहुमत से पारित होगया। विधेयक के पक्ष में 288, जबकि विरोध में 232 मत पड़े। सदन ने विपक्ष के सभी संशोधनों को भी ध्वनिमत से खारिज कर दिया।अब यह विधेयक आज यानी बृहस्पतिवार को राज्यसभा में पेश किया जाएगा। विधेयक पर लोकसभा में 12 घंटे से अधिक समय तक चर्चा हुई। 

अमित शाह ने विपक्ष को लालू के भाषण से घेरा

वहीं अमित शाह ने विपक्ष को लालू के भाषण से घेरा। गृहमंत्री अमित शाह ने राजद सुप्रीमो लालू यादव का एक पुराना भाषण पढ़ा। जब 2010 में वक्फ संशोधन बिल पर लालू यादव ने कड़े कानून लाने की मांग की थी। तब लालू यादव ने वक्फ की संपत्तियों पर कब्जे की बात सामने रखी थी। अमित शाह ने कहा कि ये लालू यादव की ही मांग थी कि वक्फ पर कड़ा कानून लाना चाहिए। उनकी मांग को मोदी जी ने पूरा कर दिया है। बिल पर चर्चा के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने कहा-वक्फ में गैर इस्लामिक नहीं आएगा। ऐसा कोई प्रावधान भी नहीं है। वोट बैंक के लिए माइनॉरिटीज को डराया जा रहा है।

AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने बिल फाड़ दिया

वहीं चर्चा का जवाब देते हुए अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री किरेन रिजिजू ने बिल को असांविधानिक बताने के विपक्ष के दावे पर कहा, जब 1954 से वक्फ कानून बना है, तो उसमें सुधार असांविधानिक कैसे हो सकता है। उन्होंने कहा, दुनियां में देश का अल्पसंख्यक समुदाय सर्वाधिक सुरक्षित है। वहीं चर्चा के दौरान AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने बिल फाड़ दिया। उन्होंने कहा- इस बिल का मकसद मुसलमानों को जलील करना है। मैं गांधी की तरह वक्फ बिल को फाड़ता हूं।

बिल के पक्ष में 296 में से 288 वोट पड़े 

बत दें कि एनडीए गठबंधन के पास कुल 296 वोट थे। इसमें बीजेपी के 240, टीडीपी के 16, जदयू के 12, शिवसेना के 7, लोजपा के 5 और अन्य दलों के 16 वोट शामिल थे। वहीं इंडिया गठबंधन के पास कुल 235 वोट थे। इसमें कांग्रेस के 99, सपा के 37, टीएमसी के 28, डीएमके के 22, शिवसेना के 9 और अन्य दलों के 40 वोट शामिल थे। बिल के पक्ष में 296 में से 288 वोट पड़े जबकि विपक्ष में 235 में से 232 वोट पड़े। इस तरह लोकसभा में वक्फ संशोधन बिल पास हो गया।