दरभंगा में बहादुरपुर के भ्रष्ट बीडीओ आनंद विभूति के पांच ठिकानों पर ईओयू की रेड, आय से 1.71 करोड़ अधिक संपत्ति का खुलासा

बिहार में भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) का ताबड़तोड़ एक्शन जारी है। मंगलवार को ईओयू की टीम ने दरभंगा जिले के बहादुरपुर प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) डॉ. आनंद कुमार विभूति के पांच अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ दबिश दी। निगरानी कोर्ट के आदेश पर हुई इस कार्रवाई से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। बीडीओ के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के पुख्ता साक्ष्य मिलने के बाद ईओयू ने यह सख्त कदम उठाया है। जांच में सामने आया है कि डॉ. विभूति ने अपनी वैध आय से लगभग 1.71 करोड़ रुपये (1,71,84,000 रुपये) अधिक की संपत्ति बनाई है, जो उनकी ज्ञात आय से करीब 121 प्रतिशत ज्यादा है।

दरभंगा में बहादुरपुर के भ्रष्ट बीडीओ आनंद विभूति के पांच ठिकानों पर ईओयू की रेड, आय से 1.71 करोड़ अधिक संपत्ति का खुलासा

DESWA DESK : बिहार में भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) का ताबड़तोड़ एक्शन जारी है। मंगलवार को ईओयू की टीम ने दरभंगा जिले के बहादुरपुर प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) डॉ. आनंद कुमार विभूति के पांच अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ दबिश दी। निगरानी कोर्ट के आदेश पर हुई इस कार्रवाई से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।

बीडीओ के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के पुख्ता साक्ष्य मिलने के बाद ईओयू ने यह सख्त कदम उठाया है। जांच में सामने आया है कि डॉ. विभूति ने अपनी वैध आय से लगभग 1.71 करोड़ रुपये (1,71,84,000 रुपये) अधिक की संपत्ति बनाई है, जो उनकी ज्ञात आय से करीब 121 प्रतिशत ज्यादा है।

ईओयू की अलग-अलग टीमों ने बीडीओ के पैतृक आवास से लेकर सरकारी दफ्तर तक एक साथ दबिश दी। दरभंगा में बहादुरपुर स्थित बीडीओ कार्यालय के साथ ही जनकपुरी (सैदनगर) स्थित सरकारी आवास पर दबिश दी गई। वहीं, राजधानी पटना के दानापुर में आशोपुर स्थित साईं विहार अपार्टमेंट के फ्लैट को भी खंगाला गया। साथ ही,  मुजफ्फरपुर जिले के अहियापुर स्थित निजी आवास के साथ-साथ मोतिहारी स्थित पैतृक आवास पर भी छापेमारी की गई है।

मूल रूप से मोतिहारी के रहने वाले डॉ. आनंद विभूति करीब दो महीने पहले ही मुजफ्फरपुर के कांटी प्रखंड से स्थानांतरित होकर बहादुरपुर बीडीओ के पद पर तैनात हुए थे। वह दरभंगा में अपनी पत्नी और तीन बच्चों (दो बेटे व एक बेटी) के साथ रह रहे थे। छापेमारी के दौरान ईओयू की टीम संपत्ति के दस्तावेजों, बैंक खातों, आभूषणों और अन्य निवेशों की गहनता से जांच कर रही है।

 कार्रवाई की खबर फैलते ही जनकपुरी स्थित आवास के बाहर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जुट गई। ईओयू अधिकारियों का कहना है कि छापेमारी पूरी होने के बाद ही कुल बरामदगी और अवैध संपत्ति का पूरा आंकड़ा सार्वजनिक किया जाएगा।