बिहार दिवस पर खेसारी लाल यादव की बड़ी मांग, बोले– भोजपुरी को मिले संवैधानिक दर्जा
बिहार आज अपना 114वां स्थापना दिवस मना रहा है। इस खास मौके पर जहां पूरे राज्य में जश्न का माहौल है, वहीं भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने एक भावुक संदेश के साथ बड़ा मुद्दा उठा दिया है। उन्होंने न सिर्फ बिहारियों को बधाई दी, बल्कि भोजपुरी भाषा को संवैधानिक दर्जा दिलाने की मांग भी जोरदार तरीके से रखी है।बिहार दिवस के अवसर पर खेसारी लाल यादव ने सोशल.....
बिहार आज अपना 114वां स्थापना दिवस मना रहा है। इस खास मौके पर जहां पूरे राज्य में जश्न का माहौल है, वहीं भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने एक भावुक संदेश के साथ बड़ा मुद्दा उठा दिया है। उन्होंने न सिर्फ बिहारियों को बधाई दी, बल्कि भोजपुरी भाषा को संवैधानिक दर्जा दिलाने की मांग भी जोरदार तरीके से रखी है।बिहार दिवस के अवसर पर खेसारी लाल यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक लंबा पोस्ट शेयर किया, जिसमें उन्होंने बिहारियों को देश की ताकत बताया। उन्होंने लिखा कि एक समय था जब बिहारियों का विदेश जाना मजबूरी हुआ करता था, लेकिन अब वही बिहारी अपनी मेहनत और प्रतिभा से दुनिया में पहचान बना रहे हैं।
छवि को लेकर भी चिंता
खेसारी ने बिहार की छवि को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि आज की दुनिया कॉस्मेटिक हो चुकी है, जहां ब्रांडिंग और प्रेजेंटेशन का महत्व बढ़ गया है, लेकिन बिहारी अब भी इसे दिखावा मानते हैं। उनके मुताबिक, बिहार को अब बेहतर ब्रांडिंग की जरूरत है ताकि राज्य की असली ताकत दुनिया के सामने आ सके। अपने पोस्ट में खेसारी लाल यादव ने नेताओं पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय बिहारी अस्मिता और भावनाओं का इस्तेमाल तो किया जाता है, लेकिन जब बात भोजपुरी जैसी भाषा को संवैधानिक दर्जा देने की आती है, तो नेता पीछे हट जाते हैं।उन्होंने बिहारियों से अपील की कि वे अपनी पहचान पर गर्व करें और एकजुट रहें। उन्होंने भरोसा जताया कि अगर बिहार के लोग एकजुट रहे, तो वह दिन दूर नहीं जब गैर-बिहारी भी गर्व के साथ बिहार दिवस की शुभकामनाएं देंगे और बिहार के योगदान को खुले दिल से स्वीकार करेंगे।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा
खेसारी लाल यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "विश्व के हर कोने में बिहारी पसर गए है और जो शायद पहले मजबूरी रही होगी लेकिन अब ताक़त होनी चाहिए। बिहारी और बिहार को अब बस अच्छा ब्रांडिंग चाहिए।ये दुनिया कॉस्मेटिक हो चुकी हैं और हम बिहारी आज भी कॉस्मेटिक को ढोंग समझते हैं। मीडिया के लिए भी मजा लेने और एक्सपेरिमेंट का केंद्र बिहार हो चुका है। राजनेता लोग को भी बिहारी का ईगो जगा कर संसद और विधानसभा तक जाना है लेकिन जब बात भाषा को संविधानिक दर्जा दिलाने का हो तो सब बहाना खोजते हैं।
अब चीज़े बदल रही हैं
उन्होंने आगे लिखा यकीन मानिए जो इमेज बिहारी का बिहार से बाहर बनाया गया हैं ठीक वही इमेज भारतीय का भारत से बाहर हैं। अब चीज़े बदल रही हैं, ट्रेडिशनल मीडिया दुनिया को भारत का अच्छा इमेज दिखा रहा हैं तो अब ब्रांड बिहार भी लोगो को दिखाना चाहिए। बिहारी हैं तो प्राउड कीजिए, अंदर और बाहर दोनों से। इक्कठा रहेंगे तो वो दिन दूर नहीं जब हर नॉन बिहारी भी बिहार दिवस की शुभकामनाएं प्राउड से देगा और एक बिहारी और बिहार का योगदान उसकी जिंदगी में क्या है वो दुनिया को बताएगा। ।













