यूरोप टूर से लौटते ही लालू यादव से मिले तेजस्वी, आगे की रणनीति पर लंबी बातचीत
बिहार विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद लंबे समय से सियासी सुर्खियों से दूर रहे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव अब एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहे हैं। पत्नी और बच्चों के साथ यूरोप दौरे से लौटते ही तेजस्वी यादव सीधे दिल्ली पहुंचे और अपनी बड़ी बहन व राज्यसभा सांसद मीसा भारती के पंडारा पार्क स्थित आवास पर पिता व आरजेडी अध्यक्ष....
बिहार विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद लंबे समय से सियासी सुर्खियों से दूर रहे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव अब एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहे हैं। पत्नी और बच्चों के साथ यूरोप दौरे से लौटते ही तेजस्वी यादव सीधे दिल्ली पहुंचे और अपनी बड़ी बहन व राज्यसभा सांसद मीसा भारती के पंडारा पार्क स्थित आवास पर पिता व आरजेडी अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव से मुलाकात की।
आरजेडी के भविष्य को लेकर गहन मंथन
सूत्रों के अनुसार, लालू-तेजस्वी की यह मुलाकात केवल पारिवारिक औपचारिकता नहीं थी, बल्कि इसमें बिहार की मौजूदा राजनीतिक स्थिति और आरजेडी के भविष्य को लेकर गहन मंथन हुआ। बताया जा रहा है कि दोनों नेताओं के बीच काफी देर तक बातचीत चली, जिसमें चुनावी हार की समीक्षा और आगे की रणनीति पर चर्चा हुई।
4 जनवरी की देर रात दिल्ली पहुंचे थे
तेजस्वी यादव रविवार 4 जनवरी की देर रात दिल्ली पहुंचे थे। इसके बाद सोमवार रात उन्होंने पिता लालू प्रसाद यादव से मुलाकात की। गौरतलब है कि लालू यादव इन दिनों दिल्ली में ही मीसा भारती के आवास पर रह रहे हैं। इसी दौरान उन्होंने आंखों का ऑपरेशन भी कराया था। बता दें कि यूरोप दौरे के दौरान तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी को लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठाता रहा। ऐसे में स्वदेश लौटने के बाद पिता से उनकी यह मुलाकात राजनीतिक रूप से काफी अहम मानी जा रही है। बिहार चुनाव में मिली हार के बाद पार्टी को दोबारा मजबूत करना तेजस्वी यादव के सामने सबसे बड़ी चुनौती है।
आगामी राजनीतिक रणनीति पर विस्तार से चर्चा
सूत्रों के अनुसार बैठक में संगठनात्मक बदलाव, विपक्ष की भूमिका और आगामी राजनीतिक रणनीति पर विस्तार से चर्चा हुई। राजनीतिक गलियारों में यह भी चर्चा है कि लालू-तेजस्वी की यह मुलाकात आने वाले दिनों में आरजेडी के कुछ बड़े फैसलों की आधारशिला साबित हो सकती है।अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि दिल्ली में पिता से मुलाकात के बाद तेजस्वी यादव बिहार लौटकर कौन सा नया सियासी कदम उठाते हैं और पार्टी को किस दिशा में आगे बढ़ाते हैं।













