शहर की सूरत बिगाड़ी तो खैर नहीं! पटना में बैनर-पोस्टर लगाने वालों पर कार्रवाई तय

पटना नगर निगम ने शहर की सुंदरता और सुव्यवस्था बनाए रखने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर अवैध रूप से बैनर और पोस्टर लगाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का फैसला लिया है। नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि शहर की सूरत बिगाड़ने वाले किसी भी व्यक्ति, संस्था या प्रतिष्ठान को बख्शा नहीं जाएगा।नगर निगम के अनुसार, बोरिंग रोड, पटना जंक्शन, डाकबंगला चौराहा सहित शहर के कई प्रमुख क्षेत्रों में चौक-चौराहों, डिवाइडरों....

शहर की सूरत बिगाड़ी तो खैर नहीं! पटना में बैनर-पोस्टर लगाने वालों पर कार्रवाई तय

पटना नगर निगम ने शहर की सुंदरता और सुव्यवस्था बनाए रखने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर अवैध रूप से बैनर और पोस्टर लगाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का फैसला लिया है। नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि शहर की सूरत बिगाड़ने वाले किसी भी व्यक्ति, संस्था या प्रतिष्ठान को बख्शा नहीं जाएगा।नगर निगम के अनुसार, बोरिंग रोड, पटना जंक्शन, डाकबंगला चौराहा सहित शहर के कई प्रमुख क्षेत्रों में चौक-चौराहों, डिवाइडरों और दीवारों पर बैनर-पोस्टर लगाए जा रहे हैं। इसमें कुछ कोचिंग संस्थान, व्यावसायिक प्रतिष्ठान और अन्य संगठन प्रमुख रूप से शामिल हैं, जो सार्वजनिक संपत्ति का दुरुपयोग कर रहे हैं।

अभियान चलाकर होगी कार्रवाई
नगर आयुक्त ने सभी अंचलों के कार्यपालक पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर ऐसे संस्थानों की पहचान करें और उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करें।निर्देश के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति या संस्था सार्वजनिक स्थानों पर पोस्टर या बैनर लगाते हुए पाई जाती है, तो उनके विरुद्ध बिहार नगरपालिका अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी और जुर्माना भी लगाया जाएगा।

नागरिकों से सहयोग की अपील
पटना नगर निगम ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे शहर की खूबसूरती बनाए रखने में सहयोग करें। यदि कहीं भी सार्वजनिक स्थानों पर बैनर या पोस्टर लगाए जाने की जानकारी मिले, तो नागरिक टोल-फ्री नंबर 155304 पर बिना किसी हिचकिचाहट के शिकायत दर्ज करा सकते हैं।नगर निगम प्रशासन शहर को स्वच्छ, सुंदर और सुव्यवस्थित बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। इसके तहत न सिर्फ जन-जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं, बल्कि दीवारों के सौंदर्यीकरण के लिए मधुबनी पेंटिंग्स और एस्थेटिक वॉल पेंटिंग्स भी कराई गई हैं।इन पेंटिंग्स के माध्यम से पटना की सांस्कृतिक विरासत और बिहार की ऐतिहासिक धरोहरों को एक नई पहचान दी जा रही है।