अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स को PM मोदी ने दी बधाई, कहा- आपका स्वागत है, Crew9 ! धरती ने आपको याद किया..

भारतीय मूल की अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर 9 महीने और 14 दिन बिताने के बाद आज ( 19 मार्च) सुबह धरती पर सफलतापूर्वक वापस लौट आए हैं। नासा के स्पेसएक्स क्रू-9 मिशन के तहत उन्होंने बुधवार (19 मार्च) को भारतीय समयानुसार 3:27 बजे फ्लोरिडा के तट पर लैंडिंग की, इस दल में उनके साथ निक हेग और अलेक्जेंडर गोरबुनोव भी शामिल थे। जैसे ही सुनीता विलियम्स बाहर आईं। उनके चेहरे पर मुस्कान थीं। सुनीता विलियम्स की वापसी से जितना अमेरिका खुश है उससे..

अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स को PM मोदी ने दी बधाई, कहा- आपका स्वागत है, Crew9 ! धरती ने आपको याद किया..
PM MODI-Sunita Williams

भारतीय मूल की अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर 9 महीने और 14 दिन बिताने के बाद आज ( 19 मार्च) सुबह धरती पर सफलतापूर्वक वापस लौट आए हैं। नासा के स्पेसएक्स क्रू-9 मिशन के तहत उन्होंने बुधवार (19 मार्च) को भारतीय समयानुसार 3:27 बजे फ्लोरिडा के तट पर लैंडिंग की, इस दल में उनके साथ निक हेग और अलेक्जेंडर गोरबुनोव भी शामिल थे। जैसे ही सुनीता विलियम्स बाहर आईं। उनके चेहरे पर मुस्कान थीं। सुनीता विलियम्स की वापसी से जितना अमेरिका खुश है उससे कहीं ज्यादा भारत में खुशियां मनाई जा रही हैं। वहीं अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स की धरती पर सफलतापूर्वक वापसी के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुशी जाहिर करते हुए सोशल मीडिया पर एक खूबसूरत पोस्ट लिखा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लिखा है- ..

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने  सुनीता विलियम्स के साथ अपनी एक पुरानी तस्वीर को शेयर करते हुए लिखा है- "आपका स्वागत है, Crew9 ! धरती ने आपको याद किया। स्पेस स्टेशन में सुनीता विलियम्स के अनुभव धैर्य, साहस और असीम मानवीय भावना की परीक्षा रहा है। सुनीता विलियम्स और Crew 9 मिशन में शामिल अंतरिक्ष यात्रियों ने एक बार फिर हमें दिखाया है कि दृढ़ता का सही अर्थ क्या है। यह घटना हमेशा लाखों लोगों को प्रेरित करेगा।"

हम उन सभी पर अविश्वसनीय रूप से गर्व करते हैं- पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगे लिखा है-"अंतरिक्ष अन्वेषण का मतलब है मानवीय क्षमता की सीमाओं को आगे बढ़ाना, सपने देखने का साहस करना और उन सपनों को हकीकत में बदलने का साहस करना। सुनीता विलियम्स, एक पथप्रदर्शक और एक आइकन, उन्होंने अपने पूरे करियर में इस भावना का उदाहरण दिया है। हम उन सभी पर अविश्वसनीय रूप से गर्व करते हैं, जिन्होंने उनकी सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के लिए अथक परिश्रम किया। उन्होंने दिखाया है कि जब परफेक्शन और जुनून मिलकर काम  करती है और तकनीक और दृढ़ता का संगम होता है तो क्या होता है।"