बिहार की सड़कों पर बेलगाम रफ्तार: मधेपुरा में कार–हाइवा टक्कर से 4 की जान गई

बिहार की सड़कों पर बेलगाम होती रफ्तार अब हर रोज मौत की कहानी लिख रही है। कहीं परिवार उजड़ रहे हैं, तो कहीं खुशियां मातम में बदल रही हैं। ताजा मामला मधेपुरा से सामने आया है, जहां शनिवार तड़के तेज रफ्तार का कहर इतना भयावह साबित हुआ कि एक ही झटके में चार जिंदगियां खत्म हो गईं।मधेपुरा में NH-106 पर बिजली ऑफिस के सामने सुबह करीब 4 बजे एक भीषण सड़क हादसा हुआ। तेज ...

बिहार की सड़कों पर बेलगाम रफ्तार: मधेपुरा में कार–हाइवा टक्कर से 4 की जान गई

बिहार की सड़कों पर बेलगाम होती रफ्तार अब हर रोज मौत की कहानी लिख रही है। कहीं परिवार उजड़ रहे हैं, तो कहीं खुशियां मातम में बदल रही हैं। ताजा मामला मधेपुरा से सामने आया है, जहां शनिवार तड़के तेज रफ्तार का कहर इतना भयावह साबित हुआ कि एक ही झटके में चार जिंदगियां खत्म हो गईं।मधेपुरा में NH-106 पर बिजली ऑफिस के सामने सुबह करीब 4 बजे एक भीषण सड़क हादसा हुआ। तेज रफ्तार हाइवा ने एक कार को कुचल दिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार हाइवा के नीचे फंस गई और करीब 100 मीटर तक घसीटती चली गई। कार में सवार चारों युवक मौके पर ही बुरी तरह फंस गए और उनकी दर्दनाक मौत हो गई।

कार की रफ्तार करीब 120 किलोमीटर प्रति घंटा थी
स्थानीय लोगों के मुताबिक, हादसे के वक्त कार की रफ्तार करीब 120 किलोमीटर प्रति घंटा थी। कार सिंहेश्वर की ओर से आ रही थी, जबकि हाइवा बाजार की दिशा में जा रहा था। अचानक तेज रफ्तार कार मुड़ गई और सामने से आ रही हाइवा से सीधी टक्कर हो गई। रफ्तार इतनी ज्यादा थी कि ब्रेक लगाने के बाद भी गाड़ी पर नियंत्रण नहीं पाया जा सका।

मौके पर अफरा-तफरी
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और एम्बुलेंस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थानीय लोगों की मदद से कार में फंसे शवों को खींच-खींचकर बाहर निकाला। कार की हालत इतनी खराब थी कि वह पूरी तरह हाइवा में चिपक गई थी। ड्राइविंग कर रहे युवक का सिर बाहर की ओर लटक गया था, जबकि बगल में बैठा युवक उछलकर ड्राइवर सीट तक पहुंच गया। कार के अंदर हर तरफ खून ही खून नजर आ रहा था।

तस्वीरें बेहद विचलित करने वाली हैं
हादसे का CCTV फुटेज भी सामने आया है, जिसमें साफ दिख रहा है कि तेज रफ्तार कार सामने से आ रही हाइवा से टकराती है और टक्कर के बाद हाइवा उसे घसीटते हुए ले जाता है। इस हादसे की तस्वीरें बेहद विचलित करने वाली हैं।टक्कर की चपेट में सड़क किनारे बनी कुछ झोपड़ियां भी आ गईं। एक झोपड़ी में तीन लोग सो रहे थे, जो बाल-बाल बच गए। हालांकि एक व्यक्ति को हल्की चोट आई है। झोपड़ियों को भी काफी नुकसान पहुंचा है।

शुक्रवार रात करीब 8 बजे ही बेटे का जन्म
इस हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान मधेपुरा निवासी सोनू कुमार, साहिल राज, साजन कुमार और रूपेश के रूप में हुई है। चारों आपस में गहरे दोस्त थे। सोनू कुमार के घर शुक्रवार रात करीब 8 बजे ही बेटे का जन्म हुआ था। उसकी पत्नी अभी निजी अस्पताल में भर्ती है। बेटे के जन्म की खुशी लेकर वह दोस्तों के साथ पत्नी और नवजात को देखने गया था, लेकिन वापसी में यह खुशी हमेशा के लिए मातम में बदल गई।

 हाइवा और कार को जब्त कर लिया गया
वहीं 28 वर्षीय साजन कुमार दो भाइयों में बड़ा था। उनकी शादी ढाई साल पहले हुई थी और उनका एक साल का बेटा है। साजन की मेडिकल कॉलेज के पास लैब और दवा की दुकान थी। हादसे के बाद चारों परिवारों में कोहराम मचा हुआ है।फिलहाल सदर थाना पुलिस ने चारों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। हाइवा और कार को जब्त कर लिया गया है। हाइवा चालक की तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाना हादसे की मुख्य वजह प्रतीत हो रही है। मामले की गहन जांच जारी है।बता दें कि यह हादसा एक बार फिर सवाल खड़ा करता है—क्या बिहार की सड़कों पर तेज रफ्तार पर लगाम लगेगी, या यूं ही हर दिन किसी घर का चिराग बुझता रहेगा?